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पत्थरों को काटकर बसाया गया हजारों साल पुराना शहर, जानिए पेट्रा कैसे बना दुनिया के 7 अजूबों में शामिल

जॉर्डन में स्थित प्राचीन शहर पेट्रा आधुनिक विश्व के नए 7 अजूबों में शामिल है। अपनी अनोखी चट्टानी वास्तुकला, विशाल इमारतों और हजारों साल पुराने इतिहास के कारण पेट्रा पूरी दुनिया में प्रसिद्ध है।

by desk

जॉर्डन। जॉर्डन में स्थित प्राचीन शहर पेट्रा आधुनिक विश्व के नए 7 अजूबों में शामिल है। अपनी अनोखी चट्टानी वास्तुकला, विशाल इमारतों और हजारों साल पुराने इतिहास के कारण पेट्रा पूरी दुनिया में प्रसिद्ध है। इसे गुलाबी शहर यानी रोज सिटी के नाम से भी जाना जाता है, क्योंकि यहां की अधिकांश इमारतें गुलाबी और लाल रंग के बलुआ पत्थरों को काटकर बनाई गई हैं।

पेट्रा दक्षिणी जॉर्डन में स्थित एक प्राचीन ऐतिहासिक और पुरातात्विक शहर है। यह कभी नबातियन सभ्यता की राजधानी और एक महत्वपूर्ण व्यापारिक केंद्र था। यहां से अरब, मिस्र और अन्य क्षेत्रों के बीच मसालों, सुगंधित पदार्थों और अन्य वस्तुओं का व्यापार होता था।

पेट्रा कब बनाया गया था?

पेट्रा के निर्माण की सटीक तारीख पूरी तरह निश्चित नहीं है। माना जाता है कि नबातियन लोगों ने इस क्षेत्र को लगभग चौथी शताब्दी ईसा पूर्व के आसपास विकसित करना शुरू किया था। बाद में यह शहर व्यापार और समृद्धि का एक बड़ा केंद्र बन गया।

पेट्रा किसने बनवाया था?

पेट्रा का निर्माण और विकास मुख्य रूप से नबातियन लोगों ने किया था। नबातियन लोग रेगिस्तानी क्षेत्रों में रहने और व्यापार करने में कुशल थे। उन्होंने पहाड़ों और विशाल चट्टानों को काटकर मकबरे, मंदिर और शानदार इमारतें तैयार कीं।

पेट्रा की सबसे प्रसिद्ध इमारत कौन सी है?

पेट्रा की सबसे प्रसिद्ध संरचना अल खज़नेह है, जिसे द ट्रेजरी भी कहा जाता है। यह विशाल इमारत सीधे चट्टान को काटकर बनाई गई है और आज पेट्रा की सबसे प्रमुख पहचान बन चुकी है।

पेट्रा को रोज सिटी क्यों कहा जाता है?

पेट्रा को रोज सिटी यानी गुलाबी शहर कहा जाता है, क्योंकि यहां की चट्टानों और पत्थरों का रंग गुलाबी और लाल दिखाई देता है। इन्हीं रंगीन चट्टानों को काटकर इस प्राचीन शहर की कई शानदार इमारतें बनाई गईं।

पेट्रा नाम कैसे पड़ा?

पेट्रा नाम प्राचीन ग्रीक भाषा के शब्द से जुड़ा है, जिसका अर्थ पत्थर या चट्टान होता है। चूंकि यह शहर मुख्य रूप से विशाल चट्टानों को काटकर बनाया गया है, इसलिए इसका नाम पेट्रा पड़ा।

पेट्रा को दुनिया का अजूबा कब बनाया गया?

साल 2007 में वैश्विक मतदान के बाद पेट्रा को आधुनिक विश्व के नए 7 अजूबों में शामिल किया गया। यह चुनाव New7Wonders अभियान के माध्यम से किया गया था। पेट्रा को वर्ष 1985 में यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल का दर्जा भी मिल चुका था।

पेट्रा को अजूबा क्यों माना गया?

पेट्रा को दुनिया के अजूबों में शामिल करने का मुख्य कारण इसकी अद्भुत वास्तुकला और निर्माण कला है। हजारों साल पहले रेगिस्तानी क्षेत्र में चट्टानों को काटकर इतना विशाल शहर बनाना एक असाधारण उपलब्धि थी।

नबातियन लोगों ने यहां पानी को इकट्ठा करने और संरक्षित करने के लिए उन्नत जल प्रबंधन प्रणाली भी विकसित की थी। नहरों, सुरंगों, बांधों और जलाशयों की मदद से रेगिस्तानी क्षेत्र में जीवन संभव बनाया गया था।

आज पेट्रा जॉर्डन की सबसे महत्वपूर्ण ऐतिहासिक धरोहरों में शामिल है और हर साल दुनिया भर से बड़ी संख्या में पर्यटक इसकी अद्भुत सुंदरता और इतिहास को देखने पहुंचते हैं।

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