छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में गायों की सुरक्षा को लेकर सरकारी दावों की एक बार फिर पोल खुली है। जिले के ग्राम सूरजपुरा के गौठान में करीब 30 गायों की एक साथ रहस्यमय मौत से इलाके में हड़कंप मच गया है।
कब हुई घटना
यह घटना सोमवार से एक दिन पहले सामने आई, जब सूरजपुरा गौठान में अचानक बड़ी संख्या में गायें मृत पाई गईं। मौके पर प्रशासनिक अधिकारी तुरंत पहुंचे, लेकिन मौत की असली वजह अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है।
गो सेवकों का आरोप
गो सेवकों ने आरोप लगाया है कि गायों को चारा-पानी समय पर नहीं मिला, जिसकी वजह से यह हादसा हुआ। हालांकि प्रशासन की ओर से अभी इस आरोप की पुष्टि नहीं हुई है और जांच जारी है।
कुछ दिन पहले सूअरों की भी हुई थी मौत
इस घटना से कुछ दिन पहले ही जिले के ग्राम टेहका में अफ्रीकन स्वाइन फीवर के चलते 100 से ज्यादा सूअरों की मौत हो चुकी थी। इससे पहले भाटापारा में भी करीब 40 सूअर स्वाइन फीवर से मारे गए थे। ग्रामीणों में चिंता है कि कहीं दोनों घटनाओं के बीच कोई संबंध तो नहीं है, हालांकि इसका खुलासा जांच के बाद ही हो सकेगा।
प्रशासन पर सवाल
गायों की सुरक्षा और संरक्षण के लिए बनी गौठान योजनाओं पर यह घटना एक बार फिर सवाल खड़े करती है। ग्रामीणों का कहना है कि बार-बार ऐसी घटनाएं होने के बावजूद जिम्मेदारी तय नहीं हो पा रही।
आगे क्या
प्रशासन ने मौत के सही कारण का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी है। रिपोर्ट आने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि यह लापरवाही का मामला है या किसी बीमारी का असर।
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