Medical News Today की रिपोर्ट में कैफीन और नींद की गुणवत्ता के संबंध पर ध्यान दिया गया है। कॉफी, चाय और एनर्जी ड्रिंक्स का सेवन करने वालों के लिए सेवन की मात्रा और समय महत्वपूर्ण हो सकते हैं।
कम मात्रा में कैफीन भी नींद पर डाल सकती है असर
कॉफी या चाय पीने से थकान कम महसूस हो सकती है और सतर्कता बढ़ सकती है। लेकिन कैफीन का सेवन नींद की गुणवत्ता को भी प्रभावित कर सकता है। Medical News Today की रिपोर्ट के मुताबिक, लगभग 100 मिलीग्राम कैफीन भी कुछ परिस्थितियों में गहरी नींद को प्रभावित कर सकती है। सुबह सेवन की गई कैफीन का असर भी रात की नींद पर पड़ सकता है।
कैफीन एक उत्तेजक पदार्थ है, जो मस्तिष्क में एडेनोसिन के प्रभाव को रोकता है। एडेनोसिन वह रसायन है, जो जागने के दौरान शरीर में जमा होकर नींद का एहसास बढ़ाने में भूमिका निभाता है। कैफीन के कारण व्यक्ति को लंबे समय तक जागने का एहसास हो सकता है।
किन चीजों में होती है कैफीन?
कैफीन सिर्फ कॉफी में ही नहीं, बल्कि चाय, कोला, एनर्जी ड्रिंक्स और कुछ चॉकलेट उत्पादों में भी पाई जाती है। इसकी मात्रा पेय के प्रकार, ब्रांड और बनाने के तरीके के अनुसार अलग-अलग हो सकती है।
बेहतर नींद के लिए क्या करें?
– शाम और रात के समय कैफीन का सेवन सीमित रखें।
– यदि नींद आने में परेशानी होती है, तो दोपहर के बाद कैफीन कम करके देखें।
– सोने और जागने का समय नियमित रखें।
– चाय-कॉफी की मात्रा के साथ उसके सेवन का समय भी ध्यान में रखें।
निष्कर्ष: कैफीन का असर हर व्यक्ति पर समान नहीं होता। यदि नियमित रूप से नींद प्रभावित हो रही है, तो कैफीन की मात्रा और सेवन का समय बदलना मददगार हो सकता है। लगातार परेशानी होने पर डॉक्टर से सलाह लें।