नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का बहुप्रतीक्षित आईपीओ आज, 17 सितंबर 2026 से रिटेल निवेशकों के लिए सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है और 21 सितंबर 2026 को बंद होगा। इससे एक दिन पहले, 16 सितंबर को एंकर निवेशकों के लिए बोली लगाई गई थी।
यह आईपीओ पूरी तरह ऑफर-फॉर-सेल (OFS) है, यानी इसमें कोई नया शेयर जारी नहीं किया जाएगा — मौजूदा शेयरधारक ही अपनी हिस्सेदारी बेचेंगे। बिकवाली करने वाले प्रमुख शेयरधारकों में स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, कनाडा पेंशन प्लान इन्वेस्टमेंट बोर्ड, अरंदा इन्वेस्टमेंट्स और बैंक ऑफ बड़ौदा शामिल हैं।
आईपीओ का प्राइस बैंड 1,700 से 1,785 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है, और इसके जरिए कुल 22,568.94 करोड़ रुपये जुटाए जाने की उम्मीद है। रिटेल निवेशकों को न्यूनतम 1 लॉट (8 शेयर) के लिए कम से कम 14,280 रुपये का निवेश करना होगा, और इश्यू का 35% हिस्सा रिटेल निवेशकों के लिए आरक्षित है।
अलॉटमेंट 22-23 सितंबर तक तय होने और शेयरों का डिमैट खातों में क्रेडिट होने की उम्मीद है, जबकि BSE पर लिस्टिंग 24 सितंबर 2026 को होने का कार्यक्रम है। मार्च 2026 तक NSE के पास 12.9 करोड़ यूनिक निवेशक और 2,978 लिस्टेड कंपनियां थीं, जिससे यह भारत के सबसे बड़े आईपीओ में शुमार हो गया है।