दक्षिण कोरिया में हैलोवीन समारोह को लेकर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। राजधानी सियोल के इटावन और होंगदे जैसे लोकप्रिय इलाकों में बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना को देखते हुए पुलिस ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं। भीड़ नियंत्रण और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए 28 अलग-अलग जोन में 7,800 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है।
प्रशासन का मुख्य उद्देश्य हैलोवीन के दौरान लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना, सड़कों पर भीड़ का दबाव नियंत्रित करना और आपातकालीन परिस्थितियों में तुरंत सहायता उपलब्ध कराना है।
इटावन और होंगदे पर विशेष निगरानी
सियोल के इटावन इलाके में हर साल हैलोवीन के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय और विदेशी पर्यटक पहुंचते हैं। वहीं होंगदे अपने नाइटलाइफ, संगीत, मनोरंजन और युवाओं के बीच लोकप्रियता के लिए जाना जाता है।
इन क्षेत्रों की संकरी सड़कों और व्यस्त बाजारों में भीड़ बढ़ने से आवाजाही प्रभावित हो सकती है। इसी को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी की व्यवस्था की है।
2022 की दर्दनाक घटना के बाद सुरक्षा पर विशेष जोर
दक्षिण कोरिया में हैलोवीन के दौरान सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ने की एक बड़ी वजह वर्ष 2022 की इटावन त्रासदी भी है। 29 अक्टूबर 2022 को हैलोवीन समारोह के दौरान अत्यधिक भीड़ के कारण भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो गई थी। इस दर्दनाक घटना में 159 लोगों की जान चली गई थी।
इस हादसे ने दुनिया का ध्यान भीड़ प्रबंधन और सार्वजनिक आयोजनों की सुरक्षा की ओर आकर्षित किया था। इसके बाद दक्षिण कोरिया में बड़े सार्वजनिक आयोजनों के दौरान भीड़ नियंत्रण और आपातकालीन प्रतिक्रिया व्यवस्था को अधिक गंभीरता से लिया जाने लगा।
क्या है हैलोवीन और क्यों मनाया जाता है?
हैलोवीन हर साल 31 अक्टूबर को मनाया जाता है। इसकी ऐतिहासिक जड़ें प्राचीन सेल्टिक परंपरा के सम्हेन (Samhain) उत्सव से जुड़ी मानी जाती हैं। समय के साथ यह त्योहार पश्चिमी देशों में लोकप्रिय सांस्कृतिक उत्सव बन गया।
इस दिन लोग डरावने कपड़े पहनते हैं, कद्दू को काटकर उसमें चेहरे बनाते हैं, घरों को भूतिया सजावट से सजाते हैं और बच्चे ‘ट्रिक ऑर ट्रीट’ के लिए घर-घर जाते हैं।
आज हैलोवीन अमेरिका, कनाडा और यूरोप के साथ दक्षिण कोरिया जैसे एशियाई देशों में भी लोकप्रिय हो चुका है।
भीड़ प्रबंधन बना प्रशासन की प्राथमिकता
हैलोवीन जैसे आयोजनों में बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के कारण सार्वजनिक सुरक्षा बड़ी चुनौती बन जाती है। ऐसे में पुलिस की तैनाती, भीड़ की निगरानी, रास्तों का प्रबंधन और आपातकालीन सेवाओं की उपलब्धता बेहद महत्वपूर्ण होती है।
दक्षिण कोरिया में इस बार किए गए सुरक्षा इंतजामों का उद्देश्य पिछले हादसे जैसी स्थिति को रोकना और लोगों को सुरक्षित माहौल में त्योहार मनाने का अवसर देना है।