नई दिल्ली। INDIA ब्लॉक के सांसदों के चुनाव आयोग तक मार्च से पहले भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता और सांसद संबित पात्रा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के नाम पर तंज कसते हुए कहा कि भाजपा की मदद ज्ञानेश कुमार नहीं, बल्कि बुद्धि और विवेक के देवता गणेश जी कर रहे हैं।
पात्रा ने क्या कहा
पात्रा ने कहा कि यह कहना गलत है कि भाजपा चुनाव ज्ञानेश कुमार की वजह से जीतती है। उनके मुताबिक ज्ञानेश कुमार की नियुक्ति 19 फरवरी 2025 को हुई थी, जबकि उससे पहले भी भाजपा लोकसभा और कई विधानसभा चुनाव जीत चुकी है। उन्होंने कहा कि देश की जनता में बुद्धि, ज्ञान और विवेक है और वह जानती है कि परिवारवाद, भ्रष्टाचार और आतंकवादियों के साथ खड़े होने वालों को वोट नहीं देना है।
प्रायोजित कोशिश’ का आरोप
पात्रा ने आरोप लगाया कि विपक्ष की यह एक प्रायोजित कोशिश है कि देश में किसी तरह सत्ता बदली जाए। उन्होंने कहा कि हफ्तों से चुनाव आयोग को निशाना बनाया जा रहा है और आशंका जताई कि मार्च के जरिए देश में अराजकता का माहौल बनाने की कोशिश होगी। उन्होंने यह भी कहा कि सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई चल रही है और उससे पहले विपक्ष झूठ और अराजकता फैलाने का काम कर रहा है। चुनावी हार-जीत के आधार पर आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाना उचित नहीं है, ऐसा भी उनका कहना था।
जया बच्चन का जवाब
पात्रा के बयान पर सपा सांसद जया बच्चन ने कहा कि भाजपा का काम आरोपों को गलत बताना है, जबकि विपक्ष अपना काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि गणेश जी गलत कामों में मदद नहीं करते। जया बच्चन ने इसे लोकतंत्र बचाने की लड़ाई बताया और कहा कि वे जब तक पैर साथ देंगे, मार्च में चलेंगी।
कांग्रेस का पलटवार
कांग्रेस सांसद रेणुका चौधरी ने भी पात्रा के बयान पर चुटकी लेते हुए पूछा कि क्या “राम जी” को लूटने के बाद अब गणेश जी की बारी है।
विपक्ष की मांगें
विपक्षी दलों की प्रमुख मांग CEC ज्ञानेश कुमार को हटाने और मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को रद्द करने की है। मार्च के दौरान सांसदों ने ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ जैसे नारे लगाए। संसद से निकला मार्च पुलिस ने रोक दिया था, जिसके बाद राहुल गांधी और प्रियंका गांधी समेत कई नेताओं को हिरासत में लिया गया।क्यू